गिरिडीह के झामुमो नेता के बेटे पर हुए जानेलवा हमले के दुसरे दिन पूछताछ के लिए पुलिस आजसू नेता समेत चार को लिया हिरासत में
इलाजरत प्रवीण से दुर्गापूर पहुंच कर गिरिडीह पुलिस ने लिया फर्द बयान, केस दर्ज
गिरिडीहः
झारखंड कोलियरी मजदूर संगठन के नेता तेजलाल मंडल के बेटे प्रवीण मंडल के हमलावरों की पहचान गिरिडीह पुलिस ने कर लिया है। घटना के दुसरे दिन रविवार की देर शाम मुफ्फसिल थाना में जख्मी प्रवीण मंडल के फर्द बयान पर केस दर्ज किया गया है। रविवार की सुबह दुर्गापुर पहुंच कर जख्मी प्रवीण मंडल का फर्द बयान मुफ्फसिल थाना ने दर्ज किया। और जांच में जुट गई है। युवक प्रवीण की हालत फिलहाल खतरे से बाहर बताया जा रहा है। इसकी पुष्टि इलाजरत प्रवीण के पिता सह झामुमो नेता तेजलाल मंडल ने किया। वैसे दर्ज केस में पुलिस ने किन-किन लोगों को आरोपी बनाया है। इसका खुलासा करने से पुलिस तो फिलहाल इंकार कर रही है। लेकिन घटना के दुसरे दिन रविवार की सुबह सदर एसडीपीओ अनिल सिंह और विनय राम के नेत्तृव में खोजी कुत्ता भी घटनास्थल गपैय गांव पहुंचा। जहां गपैय स्थित प्रवीण मंडल के पैतृक घर के समीप घात लगाएं चार हमलावरों ने प्रवीण के सिर पर चाकू और अस्तूरा से सिर वार किया। रविवार की सुबह खोजी कुत्ते ने उसके घर के आसपास को खंगाला, तो उन सभी स्थानों पर कुत्ता पहुंचा। जहां हमलावरों के हमले से बचने के लिए भागा था। रविवार की सुबह खून के छीटें भी उसके घर के बाहर गेट और उसके दादा नेहाल मंडल के घर के बाहर लगा हुआ था।

जानकारी के अनुसार अब तक चार हमलावरों द्वारा इस घटना को अंजाम दिए जाने की बात सामने आ रही है। जिनकी पहचान का दावा पुलिस भी कर रही है। तो दुसरे दिन में अब तक हुए जांच के आधार पर पूछताछ के लिए चार संदिग्ध आरोपियों को हिरासत में लेने की बात पुलिस सूत्रों के अनुसार सामने आ रही है। पुलिस सूत्रों की मानें तो पूछताछ के लिए जिन चार लोगों को हिरासत में लिया गया है। उनमें आजसू के दो कद्दावार नेता सह स्थानीय सांसद के बेहद करीबी संजय साहु, महेशलुंडी के ही दुसरे आजसू नेता मनोज साव, नरेश साव और तेजलाल मंडल शामिल है। जबकि घटना के बाद जख्मी हालात में प्रवीण मंडल ने पुलिस को पांचवे नाम के रुप में राजकिशोर मंडल का भी नाम बताया था। इन पांचो का नाम हमलावरों के रुप में सामने के बाद पुलिस ने रविवार की अहले सुबह चारों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया। लेकिन पुलिस सूत्रों की मानें तो राजकिशोर मंडल अब भी फरार है। वैसे शनिवार की देर रात घटना के दौरान अपने बचाव के लिए घर से रिश्तेदार के घर की तरफ जख्मी हालात में दौड़े प्रवीण ने रिश्तेदारों को भी बताया कि मुंह पर नकाब पहने चार लोगों ने उस पर अस्तूरा और चाकू से वार किया है। लेकिन किसी को पहचाने की बात से इंकार करते हुए प्रवीण अपने रिश्तेदार के घर ही बेहोश हो गया था।
वैसे झामुमो नेता के बेटे प्रवीण पर हुए हमले का कारण दुसरे दिन स्पस्ट नहीं हो पाया है। लिहाजा, चर्चा घटना के बाद गपैय से लेकर बदडीहा तक कई बातों पर है। जिसमें एक जमीन विवाद का मुद्दा भी शामिल है। लेकिन पुलिस सूत्रों की मानें तो प्रवीण पर हुए जानलेवा हमला सिर्फ जमीन विवाद तक सीमित नहीं है। पुलिस भी यही मानकर चल रही है कि मामला इसे भी बढ़कर है। लिहाजा, सोमवार तक पुलिस पूरे मामले का खुलासा कर सकती है।

बताते चले कि प्रवीण मंडल पर शनिवार की देर रात उस वक्त चार हमलावरों ने धारदार हथियार से वार किया था। जब प्रवीण अपने बदडीहा गांव स्थित घर से खाना खा कर सोने के लिए अकेले गपैय स्थित घर पहुंचा। जहां चार हमलावरों ने उस पर जानलेवा हमला किया। और इसी क्रम में प्रवीण बचने के लिए अपने रिश्तेदार के घर पहुंचा।