नवरात्र के अंतिम दिन गिरिडीह में भक्तिभाव के साथ भक्तों ने किया मां सिद्धीदात्री की अराधना
कुंवारी कन्याओं का पूजन कर लिया, मां के नौ रुपों का आशीर्वाद
गिरिडीहः
शारदीय नवरात्र के नौवें और अंतिम दिन मां दुर्गेे के नौवे स्वरुप मां सिद्धीदात्री की अराधना में पूरा गिरिडीह डूबा रहा। इस बीच गिरिडीह के बगोदर में एक पूजा समिति के पंडाल में मां दुर्गे को बैलगाड़ी में स्थापित किया गया है। और इस पंडाल की मूर्ति देखने काफी दूर-दूर से श्रद्धालुओं की भीड़ आ रही है। इधर बारिश का प्रभाव भी नवमी पूजा में बाधा बना। लेकिन माता की भक्ति में डूबे भक्तों में बारिश बहुत अधिक खलल नहीं डाल सका। लिहाजा, माता के भक्तों के कदम दुर्गा मंडपो और पूजा पंडालो तक पहुंचे, और पूरे विधी-विधान के साथ भक्तों ने माता की पूजा-अर्चना करने के साथ फल-फूल और पूजन साम्रगी के साथ माता का आह्वान किया।

सुबह से जहां बारिश शुरु हुई, तो बारिश के बीच भक्तों का भीड़ मंडप और पंडाल पहुंचे। और माता की आराधना की। मौके पर भक्तों ने नौ कुंवारी कन्याओं का पूजन भी पूरे भक्तिभाव के साथ किया। कन्या पूजन जहां मंडप और पंडालो में किया गया। तो कई भक्तों ने घरों पर ही चाौकी सजाकर नौ कुंवारी कन्याओं का पूजा करने के साथ उन्हें तिलक लगाया, और पांव छूकर आशीर्वाद लेते हुए प्रसाद भी वितरण किए।

कमोवेश, शारदीय नवरात्र के इस पंरपरा को कई भक्तों ने अपने घरों में करते दिखे। इधर शहर के बरगंडा सार्वजनिक काली मंडा, बरगंडा सांस्कृतिक संघ, अरगाघाट सार्वजनिक काली मंडा, श्री श्री आदि दुर्गा मंडप, छोटकी दुर्गा मंडप, शास्त्री नगर दुर्गा मंडप, पपरवाटांड दुर्गा मंडप, बीबीसी रोड दुर्गा मंडप, बनियाडीह दुर्गा मंडप समेत जिले के ग्रामीण इलाकों के दुर्गा मंडप में भक्ति की यही नजारा दिखा।